चीन से बड़ी खबर: सुरक्षा मानकों की अनदेखी पड़ी भारी! कोयला खदान में जहरीली गैस के रिसाव के बाद जोरदार धमाका, 90 खनिकों की गई जान। मलबे में रेस्क्यू ऑपरेशन जारी।
खास बातें:
कहाँ हुआ हादसा: चांग्झी शहर, शांक्सी प्रांत (चीन का सबसे बड़ा कोयला उत्पादक क्षेत्र)
मुख्य कारण: सुरक्षा मानकों को ताक पर रखकर कार्बन मोनोऑक्साइड का बढ़ता स्तर नजरअंदाज करना।
बड़ी कार्रवाई: ‘शांक्सी टोंगझोउ कोल एंड कोक ग्रुप’ के आला अधिकारी गिरफ्तार।
समाचार विश्लेषण
चीन के सबसे बड़े कोयला उत्पादक क्षेत्र शांक्सी में खदान हादसे थमने का नाम नहीं ले रहे हैं। ताजा मामला ‘लियुशेन्यू कोयला खदान’ का है, जहां शुक्रवार देर रात सुरक्षा मानकों की घोर अनदेखी 90 खनिकों के लिए काल बन गई। शुरुआती खबरों में हताहतों का आंकड़ा कम था, लेकिन शनिवार दोपहर तक मलबे से शवों के निकलने के साथ ही मौतों का आंकड़ा 90 पार कर गया और कई अब भी लापता हैं।
इस भीषण लापरवाही पर बीजिंग से लेकर शांक्सी तक हड़कंप है। राष्ट्रपति शी चिनपिंग ने घायलों के इलाज में पूरी ताकत झोंकने का हुक्म देते हुए कहा है कि इस लापरवाही के लिए जिम्मेदार लोगों पर सख्त से सख्त कार्रवाई की जाए। चीनी प्रशासन ने त्वरित एक्शन लेते हुए खदान संचालक कंपनी ‘शांक्सी टोंगझोउ कोल एंड कोक ग्रुप’ के शीर्ष अधिकारियों को हिरासत में ले लिया है।
मुनाफे के आगे दबी सुरक्षा की आवाज
सालाना करीब 12 लाख टन कोयला उगलने वाली यह खदान पिछले साल (2024) से ही सुरक्षा रडार पर थी। गैस का स्तर खतरनाक होने की वजह से इसे ‘अति-संवेदनशील’ घोषित किया गया था। विशेषज्ञों का मानना है कि यदि समय रहते नियामक के दिशा-निर्देशों का पालन किया जाता, तो इतने बड़े पैमाने पर होने वाले जान-माल के नुकसान को टाला जा सकता था। फिलहाल पूरा ध्यान लापता खनिकों को ढूंढने और अस्पताल में जिंदगी की जंग लड़ रहे मजदूरों को बचाने पर केंद्रित है।
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