24 June in History: ग्रेगोरी कैलंडर के अनुसार 24 जून वर्ष का 175वां (लीप वर्ष में यह 176वां) दिन है। साल में अभी 190 दिन शेष हैं। भारत और विश्व इतिहास में 24 जून का खास महत्व है, क्योंकि इस दिन कई महत्वपूर्ण घटनाएं घटी जो इतिहास के पन्नों में हमेशा के लिए दर्ज होकर रह गईं हैं।
आज का इतिहास में जानिए आज के दिन जन्मे चर्चित व्यक्ति, प्रसिद्ध व्यक्तियों के निधन, युद्ध संधि, किसी देश की आजादी, नई तकनिकी का अविष्कार, सत्ता का बदलना, महत्वपूर्ण राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय दिवस के बारे में। आईए हिमाचल न्यूज़ में पढ़ें भारत और विश्व इतिहास के पन्नों में दर्ज 24 जून का इतिहास एवं घटनाक्रम।
24 जून की प्रमुख घटनाएं (What Happened on 24 June in History)
1564: मुगलों से लड़ते हुए शहीद हुई थीं रानी दुर्गावती, विश्व प्रसिद्ध खजुराहो के मंदिरों में से कुछ मंदिर इनके पिता ने बनवाए थे
आज ही के दिन साल 1564 में रानी दुर्गावती दुश्मनों से लड़ते हुए शहीद हो गई थीं। उनकी शहादत के दिन को ‘बलिदान दिवस’ के तौर पर मनाया जाता है। वर्तमान उत्तर प्रदेश के बांदा में 5 अक्टूबर 1524 को महारानी दुर्गावती का जन्म हुआ था। उनके पिता कीरत राय चंदेल वंश के शासक थे। विश्व प्रसिद्ध खजुराहो के मंदिरों में से कुछ मंदिर इन्होंने ही बनवाए थे।
दुर्गावती को बचपन से ही तीरंदाजी, तलवारबाजी और घुड़सवारी का शौक था। वे बचपन में पिता के साथ जंगलों में शिकार करने जाया करती थीं। पिता के सान्निध्य में धीरे-धीरे दुर्गावती युद्ध कलाओं में निपुण हो गईं। 1542 में 18 साल की उम्र में उनकी शादी गोंडवाना के दलपत शाह से कर दी गई।
कुछ साल बाद रानी ने एक बेटे को जन्म दिया जिसका नाम वीर नारायण रखा गया। बेटा 5 साल का हुआ ही था कि दलपत शाह का निधन हो गया। रानी ने अपने बेटे को गद्दी पर बैठाया और गोंडवाना की बागडोर अपने हाथों में ले ली। उन्होंने अपने राज्य की राजधानी को चौरागढ़ से सिंगौरगढ़ स्थानांतरित किया।
अपनी सेना में बड़े बदलाव किए और एक सुसज्जित सेना तैयार की। कई मंदिरों, धर्मशालाओं और तालाबों का निर्माण कराया। 1556 में मालवा के सुल्तान बाज बहादुर ने गोंडवाना पर हमला बोल दिया, लेकिन रानी दुर्गावती के साहस के सामने वह बुरी तरह से पराजित हुआ।
1562 में अकबर ने मालवा को मुगल साम्राज्य में मिला लिया और रीवा पर आसफ खान का कब्जा हो गया। मालवा और रीवा, दोनों की ही सीमाएं गोंडवाना को छूती थीं, इसलिए मुगलों ने गोंडवाना को भी अपने साम्राज्य में मिलाने की कोशिश की।
1562 में आसफ खान ने गोंडवाना पर हमला किया, लेकिन इस हमले में रानी की जीत हुई। 2 साल बाद 1564 में आसफ खान ने फिर हमला किया। रानी अपने हाथी पर सवार होकर युद्ध के लिए निकलीं। उनका बेटा वीर नारायण भी उनके साथ था।
युद्ध में रानी को शरीर में कई तीर लगे और वो गंभीर घायल हो गईं। उन्हें लगने लगा था कि अब जिंदा रहना मुश्किल है। उन्होंने अपने एक सैनिक से कहा कि वो उन्हें मार दे, लेकिन सैनिक ने ऐसा करने से मना कर दिया। तब रानी ने खुद ही अपनी तलवार सीने में मार ली और शहीद हो गईं।
2010: टेनिस इतिहास का सबसे लंबा मैच जॉन इस्नर और निकोलस माहुत के बीच खेला गया
24 जून 2010…अमेरिका के जॉन इस्नर और फ्रांस के निकोलस माहुत के बीच विंबलडन के मेंस सिंगल्स के पहले राउंड का मुकाबला। इस मुकाबले को विंबलडन के इतिहास में सबसे ज्यादा देर तक खेले जाने वाले मैच के तौर पर याद किया जाता है।
दोनों के बीच ये मुकाबला 11 घंटे 5 मिनट तक चला। मैच का पांचवा सेट ही 8 घंटे 11 मिनट तक खेला गया। 22 जून को शुरू हुआ ये मुकाबला आज ही के दिन खत्म हुआ। इस्रर ने पहला सेट जीता तो माहुत ने दूसरा और तीसरा सेट अपने नाम किया। इसके बाद इस्नर ने फिर वापसी करते हुए चौथा सेट जीता। जॉन इस्नर ने ये मुकाबला 6-4, 3-6, 6-7, 7-6, 70-68 से जीत लिया।
साभार: दैनिक भास्कर
देश-विदेश में 24 जून को इन घटनाओं के लिए भी याद किया जाता है
1206: दिल्ली सल्तनत के पहले सुल्तान कुतबुद्दीन ऐबक की लाहौर (अब पाकिस्तान) में ताजपोशी हुई।
1564: भारत की वीरांगना महारानी दुर्गावती मुगलों से जंग के दौरान शहीद हुई।
1793: फ्रांस ने पहली बार रिपब्लिकन संविधान को अपनाया।
1867: डलहौजी छावनी की स्थापना- हिमाचल प्रदेश के चंबा जिले में खूबसूरत हिल स्टेशन डलहौजी छावनी (Dalhousie Cantonment) को ब्रिटिश भारत सरकार द्वारा आधिकारिक तौर पर अधिसूचित और स्थापित किया गया था। शुरुआत में इसे ब्रिटिश सैनिकों (विशेषकर बीमार या आराम करने वाले सैनिकों) के लिए एक ‘सैनिटोरियम’ और स्वास्थ्य केंद्र के रूप में विकसित किया गया था। इसके लिए चंबा के राजा से जमीन ली गई थी। यह आज भी भारतीय सेना का एक महत्वपूर्ण और बेहद खूबसूरत बेस है।
1961: भारत के पहले स्वदेशी एचएफ 24 सुपरसोनिक लड़ाकू विमान ने उड़ान भरी।
1963: डाक एवं टेलिग्राफ विभाग ने राष्ट्रीय टेलेक्स सेवा की शुरूआत की।
1966: मुम्बई से न्यूयार्क जा रहे एयर इंडिया के विमान के स्विट्ज़रलैण्ड के माउंट ब्लैंक में दुर्घटनाग्रस्त होने से 117 लोगों की मौत।
1969: इसी दिन उत्तर प्रदेश के इलाहाबाद उच्च न्यायालय (Allahabad High Court) में पहली बार आधिकारिक तौर पर मुकदमों की बहस और कार्यवाही में हिंदी भाषा के उपयोग की शुरुआत हुई थी, जिसने न्यायपालिका को आम जनता के करीब लाने में बड़ी भूमिका निभाई।
1975: न्यूयॉर्क के जेएफके एयरपोर्ट पर एक विमान हादसे में 115 लोगों की मौत हुई। हादसे की वजह खराब मौसम बताया गया।
1986: सरकार ने घोषणा की है कि अविवाहित माता अपनी रोजगार योजना के तहत भी मातृत्व अवकाश प्राप्त करेगी।
1990: भारत ने थर्ड जनरेशन की पहली मिसाइल ‘नाग’ का परीक्षण किया।
2002: अफ्रीकी देश तंजानिया में ट्रेन दुर्घटना में 281 लोगों की मौत।
2004: न्यूयॉर्क में मौत की सज़ा असंवैधानिक घोषित कर दी गयी।
2006: फिलीपीस में मौत की सजा को खत्म किया गया।
2010: जूलिया गिलार्ड ऑस्ट्रेलिया की पहली महिला प्रधानमंत्री बनीं।
2012: सऊदी अरब ने पहली बार ओलिंपिक में महिला खिलाड़ियों को खेलने की अनुमति दी।
2021: अमेरिका के मियामी (फ्लोरिडा) उपनगर सर्फसाइड में 12 मंजिला आवासीय कोंडोमिनियम बिल्डिंग ‘चैम्पलेन टावर्स साउथ’ (Champlain Towers South) का एक बड़ा हिस्सा अचानक भरभराकर ढह गया। इस हादसे में मलबे के नीचे दबने से 98 लोगों की मौत हो गई थी। इंजीनियरिंग जांच में सामने आया कि बिल्डिंग के बेसमेंट और पूल डेक में संरचनात्मक खामियां (structural degradation) थीं।
2021: माइक्रोसॉफ्ट (Microsoft) ने ‘Windows 11’ लांच की। विंडोज 10 के लॉन्च के लगभग 6 साल बाद यह माइक्रोसॉफ्ट का पहला बड़ा ओएस (OS) अपग्रेड था, जिसमें एक नया यूजर इंटरफेस और एंड्रॉइड ऐप्स को सीधे चलाने की सुविधा दी गई थी।
2021: हांगकांग में लोकतंत्र के समर्थन में आवाज उठाने वाले और चीन के आलोचक माने जाने वाले 26 साल पुराने अखबार ‘Apple Daily’ को चीनी राष्ट्रीय सुरक्षा कानून के दबाव के चलते हमेशा के लिए बंद होना पड़ा। इस अखबार का आखिरी संस्करण 24 जून 2021 को छपा, जिसे खरीदने के लिए हांगकांग की सड़कों पर रात से ही हजारों लोगों की कतारें लग गई थीं। इसके दफ्तरों पर छापे मारकर संपत्ति फ्रीज कर दी गई थी।
2026: विश्व स्वास्थ्य संगठन (WHO) और अंतरराष्ट्रीय एजेंसियों ने संयुक्त रूप से जारी रिपोर्ट में चौंकाने वाला खुलासा किया गया कि सतत विकास लक्ष्यों (SDG 7) के तमाम दावों के बावजूद दुनिया भर में आज भी 655 मिलियन (65.5 करोड़) लोग बिना बिजली के जीवन जी रहे हैं, जिनमें से सबसे बड़ी आबादी उप-सहारा अफ्रीका के ग्रामीण इलाकों में है।
2026: वेनेजुएला में भीषण भूकंप: 24 जून 2026 की देर रात वेनेजुएला में 7.2 व 7.5 तीव्रता के दो बड़े भूकंप हुए जिससे काराकास सहित कई शहरों में बड़े पैमाने पर इमारतें ढह गईं, और पहाड़ी इलाकों में बड़े लैंडस्लाइड की घटनाएं सामने आईं। हादसे में 1,430 लोगों की मौत की पुष्टि हो चुकी है, जबकि मलबे की चपेट में आने से 3,238 से अधिक लोग घायल हुए। इसके अलावा 68,900 से अधिक लोग लापता भी हुए।
24 जून को जन्मे व्यक्ति (Born on 24 June)
1863: विश्वनाथ काशीनाथ राजवाडे – प्रसिद्ध भारतीय लेखक, इतिहासकार, श्रेष्ठ वक्ता और विद्वान् थे।
1869: दामोदर हरी चापेकर – भारत के क्रांतिकारी अमर शहीद। दामोदर हरी चापेकर का जन्म पुणे (महाराष्ट्र) में हुआ था। वे अपने भाइयों (बालकृष्ण और वासुदेव) के साथ ‘चापेकर बंधु’ के नाम से प्रसिद्ध थे। उन्होंने बाल गंगाधर तिलक से प्रेरित होकर पुणे के दमनकारी ब्रिटिश प्लेग कमिश्नर डब्ल्यू. सी. रैंड (W.C. Rand) की हत्या की थी, जिसे भारत में ब्रिटिश शासन के खिलाफ पहली सशस्त्र क्रांति माना जाता है। इस वीर बलिदान के लिए उन्हें 1898 में फांसी दे दी गई थी।
1885: मास्टर तारा सिंह–प्रमुख सिख राजनेता, स्वतंत्रता सेनानी और शिरोमणि गुरुद्वारा प्रबंधक कमेटी (SGPC) के शुरुआती स्तंभों में से एक। मास्टर तारा सिंह का जन्म रावलपिंडी (अब पाकिस्तान) में हुआ था। उन्होंने स्वतंत्रता आंदोलन और बाद में ‘पंजाबी सूबा आंदोलन’ (पंजाब राज्य के गठन) में बेहद निर्णायक भूमिका निभाई थी।
1897: ओंकारनाथ ठाकुर – भारतीय हिंदुस्तानी शास्त्रीय संगीत के प्रख्यात गायक, संगीतज्ञ और गुरु। पंडित ओंकारनाथ ठाकुर का जन्म 24 जून 1897 को गुजरात में हुआ था। वे विष्णु दिगंबर पलुस्कर के शिष्य थे और बनारस हिंदू विश्वविद्यालय (BHU) के संगीत संकाय के पहले चांसलर बने थे। उन्हें भारत सरकार द्वारा पद्मश्री से भी सम्मानित किया गया था।
1937: अनीता देसाई– भारत की मशहूर अंग्रेजी साहित्यकार और उपन्यासकार। अनीता देसाई का जन्म 24 जून 1937 को मसूरी में हुआ था। उन्हें उनके उत्कृष्ट लेखन के लिए साहित्य अकादमी पुरस्कार और देश के प्रतिष्ठित नागरिक सम्मान पद्म भूषण से नवाजा जा चुका है। वे तीन बार बुकर प्राइज के लिए भी शॉर्टलिस्ट हो चुकी हैं।
1962: गौतम अडानी– दिग्गज उद्योगपति, अडानी समूह (Adani Group) के संस्थापक और अध्यक्ष। गौतम अडानी का जन्म अहमदाबाद (गुजरात) में हुआ था। उन्होंने बुनियादी ढांचे, बंदरगाहों (Ports), ऊर्जा और लॉजिस्टिक्स के क्षेत्र में भारत के व्यापार को वैश्विक स्तर पर एक नई पहचान दी।
24 जून को हुए निधन (Died on 24 June)
1881: पंडित श्रद्धाराम शर्मा – सनातन धर्म की प्रसिद्ध और लगभग हर घर में गाई जाने वाली आरती “ओम जय जगदीश हरे” के रचयिता। वे एक महान स्वतंत्रता सेनानी, ज्योतिषी और हिंदी व पंजाबी के प्रसिद्ध लेखक थे। उन्होंने 1877 में ‘भाग्यवती’ नामक उपन्यास लिखा था, जिसे कई विद्वान हिंदी का पहला उपन्यास भी मानते हैं।
1950: दरबान सिंह नेगी – प्रथम विश्व युद्ध के दौरान उन चंद भारतीय सैनिकों में से एक थे, जिन्हें ब्रिटिश राज का सबसे बड़ा युद्ध पुरस्कार “विक्टोरिया क्रॉस” मिला था।
1980: वी. वी. गिरी– भारत के चौथे राष्ट्रपति वराहगिरी वेंकट गिरी (V.V. Giri) का निधन मद्रास (अब चेन्नई) में हुआ था। वे भारत के एकमात्र ऐसे राष्ट्रपति थे जो स्वतंत्र उम्मीदवार के रूप में चुनाव जीते थे। वे एक प्रखर श्रमिक नेता (Labor Leader) भी रहे और राष्ट्रपति बनने से पहले देश के उपराष्ट्रपति तथा उत्तर प्रदेश, केरल और मैसूर (कर्नाटक) के राज्यपाल भी रहे थे। उन्हें 1975 में भारत के सर्वोच्च नागरिक सम्मान ‘भारत रत्न’ से नवाजा गया था।
1997: संयुक्ता पाणिग्रही– भारत की प्रख्यात शास्त्रीय नृत्यांगना। वे भारतीय शास्त्रीय नृत्य ‘ओडिसी’ (Odissi) को वैश्विक मंच पर पुनर्स्थापित करने और इसे एक नई पहचान दिलाने वाली शुरुआती कलाकारों में से थीं। उन्हें बेहद कम उम्र में ही कला के क्षेत्र में उनके योगदान के लिए ‘पद्मश्री’ से सम्मानित किया गया था।
1908: ग्रोवर क्लीवलैंड– अमेरिका के 22वें और 24वें राष्ट्रपति। स्टीफन ग्रोवर क्लीवलैंड (Grover Cleveland) अमेरिकी इतिहास में एकमात्र ऐसे राष्ट्रपति रहे हैं जिन्होंने दो बार राष्ट्रपति का कार्यकाल पूरा तो किया, लेकिन वे दोनों कार्यकाल लगातार (Non-consecutive) नहीं थे, यानी वे एक बार चुनाव हारे और फिर दोबारा जीतकर राष्ट्रपति बने।
24 जून के महत्त्वपूर्ण अवसर एवं उत्सव (Important events and festivities of 24 June)
अंतर्राष्ट्रीय महिला राजनयिक दिवस- संयुक्त राष्ट्र महासभा के 76वें सत्र में, 24 जून को “अंतर्राष्ट्रीय महिला राजनयिक दिवस” (International Day of Women in Diplomacy) के रूप में घोषित करने का प्रस्ताव सर्वसम्मति से पारित किया गया था। इस दिवस पर उन बाधाओं पर भी चर्चा की जाती है जिनका सामना महिलाओं को कूटनीतिक और विदेश नीति के करियर में करना पड़ता है। विश्व स्तर पर, संयुक्त राष्ट्र के स्थायी प्रतिनिधियों में महिलाओं की भागीदारी लगभग 21% के आसपास है।
पासपोर्ट सेवा दिवस (भारत)- हर साल 24 जून को भारत में पासपोर्ट सेवा दिवस (Passport Seva Divas) मनाया जाता है। यह दिवस 24 जून 1967 को ‘पासपोर्ट अधिनियम’ (Passport Act) के लागू होने की याद में मनाया जाता है, जिसने देश में पासपोर्ट जारी करने और संबंधित सेवाओं की आधिकारिक रूप से शुरुआत की थी।इस अवसर पर विदेश मंत्रालय (MEA) द्वारा नागरिकों को तेज़, पारदर्शी और सुलभ पासपोर्ट सेवाएं प्रदान करने की प्रतिबद्धता को दोहराया जाता है। विदेश मंत्रालय इस दिन उत्कृष्ट कार्य करने वाले पासपोर्ट अधिकारियों को सम्मानित करता है।
अंतर्राष्ट्रीय परी दिवस- हर साल 24 जून को अंतर्राष्ट्रीय परी दिवस (International Fairy Day) मनाया जाता है। यह दिन परियों की पौराणिक दुनिया, उनके जादू और बचपन की कल्पनाओं का जश्न मनाने के लिए समर्पित है। यह लोककथाओं के माध्यम से हमें कल्पना को उड़ान देने और जादुई पल बनाने के लिए प्रेरित करता है। इस दिन की शुरुआत कथित तौर पर कलाकार जेसिका गैलब्रेथ द्वारा लोककथाओं के इन पौराणिक जीवों का उत्सव मनाने के लिए की गई थी। परियां सेल्टिक संस्कृति का एक महत्वपूर्ण हिस्सा रही हैं। जे.एम. बैरी के प्रसिद्ध 1904 के नाटक ‘पीटर पैन’ के अनुसार, परियों का जन्म पहले बच्चे की हंसी से हुआ था जो हजारों टुकड़ों में बिखर गई थी।
स्विम अ लैप डे- हर साल 24 जून को मनाया जाने वाला स्विम अ लैप डे (Swim a Lap Day) एक अनौपचारिक, मज़ेदार और स्वास्थ्यवर्धक दिवस है। यह स्वास्थ्य और फिटनेस के प्रति लोगों को जागरूक करने वाला एक मजेदार दिन है, जो लोगों को पूल में जाकर शारीरिक एक्टिविटी करने के लिए प्रेरित करता है। इसका उद्देश्य लोगों को स्विमिंग पूल में कम से कम एक चक्कर (लैप) तैरने के लिए प्रोत्साहित करना है ताकि वे तैराकी के शारीरिक और मानसिक लाभ प्राप्त कर सकें।
राष्ट्रीय हैंडशेक दिवस- राष्ट्रीय हैंडशेक दिवस (National Handshake Day) प्रत्येक वर्ष जून के अंतिम गुरुवार को मनाया जाता है। यह दिन आपसी भरोसे, सौहार्द और मित्रता के प्रतीक के रूप में हाथ मिलाने की प्राचीन परंपरा को याद करने के लिए मनाया जाता है। यह दिन व्यापार, सामाजिक संबंधों और व्यक्तिगत जीवन में हाथ मिलाने (हैंडशेक) की सदियों पुरानी परंपरा, शिष्टाचार और इसके सांस्कृतिक महत्व को पहचानने और बढ़ावा देने के लिए समर्पित है। इस प्रथा की शुरुआत सदियों पहले हुई थी। यह सुनिश्चित करने के लिए कि किसी के हाथ में हथियार या नुकसान पहुंचाने वाली कोई चीज़ नहीं है, लोग अपने खाली हाथ आगे बढ़ाते थे, जो बाद में दोस्ती और विश्वास का प्रतीक बन गया।
प्रस्तुति
हिमाचल न्यूज़ रिसर्च डेस्क
बाहरी कड़ियां
विकिपीडिया
bharatdiscovery.org
Posted By: Himachal News
Himachal News की ताजा खबरों और वीडियो अपडेट्स के लिए हमारे Himachal News को फॉलो और YouTube चैनल Himachal News TV को Subscribe करें।
| जनवरी | 1 2 3 4 5 6 7 8 9 10 11 12 13 14 15 16 17 18 19 20 21 22 23 24 25 26 27 28 29 30 31 |
| फरवरी | 1 2 3 4 5 6 7 8 9 10 11 12 13 14 15 16 17 18 19 20 21 22 23 24 25 26 27 28 |
| मार्च | 1 2 3 4 5 6 7 8 9 10 11 12 13 14 15 16 17 18 19 20 21 22 23 24 25 26 27 28 29 30 31 |
| अप्रैल | 1 2 3 4 5 6 7 8 9 10 11 12 13 14 15 16 17 18 19 20 21 22 23 24 25 26 27 28 29 30 |
| मई | 1 2 3 4 5 6 7 8 9 10 11 12 13 14 15 16 17 18 19 20 21 22 23 24 25 26 27 28 29 30 31 |
| जून | 1 2 3 4 5 6 7 8 9 10 11 12 13 14 15 16 17 18 19 20 21 22 23 24 25 26 27 28 29 30 |
| जुलाई | 1 2 3 4 5 6 7 8 9 10 11 12 13 14 15 16 17 18 19 20 21 22 23 24 25 26 27 28 29 30 31 |
| अगस्त | 1 2 3 4 5 6 7 8 9 10 11 12 13 14 15 16 17 18 19 20 21 22 23 24 25 26 27 28 29 30 31 |
| सितंबर | 1 2 3 4 5 6 7 8 9 10 11 12 13 14 15 16 17 18 19 20 21 22 23 24 25 26 27 28 29 30 |
| अक्टूबर | 1 2 3 4 5 6 7 8 9 10 11 12 13 14 15 16 17 18 19 20 21 22 23 24 25 26 27 28 29 30 31 |
| नवंबर | 1 2 3 4 5 6 7 8 9 10 11 12 13 14 15 16 17 18 19 20 21 22 23 24 25 26 27 28 29 30 |
| दिसंबर | 1 2 3 4 5 6 7 8 9 10 11 12 13 14 15 16 17 18 19 20 21 22 23 24 25 26 27 28 29 30 31 |



